खाग्या हे, खाग्या हे,
मेरी बुआ नै खाग्या पीला नाग,
खेत म्हं खाग्या हे।।
भाई-भाभी तनै बुलावै,
तावल करके मिलणा चाहवै,
गोदी म्हं ठाल्ये रै, इलाज कराले रै, मत ना देर लगावै,
इब मेरअ् चढ़ा गहल, भाभी चक्र मन्नै आग्या हे - 1
पीले नाग नै जहर फैलाया,
लीली पड़ग्यी सारी काया,
तांवले संगवाल्यो, ज्यान बचालो, मेरा जी घबराया,
दर्द कसूता होया हाथ म्हं, घणा दुख पाग्या हे- 2
आंख्या तै होई जा आंधी,
तावली सी पटटी बांधी,
ताह्नै के बेरा, के हाल सै मेरा, मैं क्यानै घास लांदी,
बाबा जी दया करो, कुछ तो धीर धरो, चेहरा कति मुरझाग्या हे-3
माहरै घरां दुख का पाला,
सन्दीप भुरटाणे आला,
देर ना लाइये तु, जान बचाइये तु, माहरा भगवान रूखाला,
धर्मपाल मास्टर जी, अर्जी पीर म्हं लाग्या हे- 4
खाग्या हे, खाग्या हे,
Tuesday, July 12, 2011
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